नरसिंहपुर

गन्ने का मूल्य 14 दिन की समयावधि में गन्ना किसान को भुगतान करना होगा…. कलेक्टर

Spread the love

गन्ना किसानों को तत्काल भुगतान सुनिश्चित करें- कलेक्टर
8 सुगर मिलों को कलेक्टर के आदेश

नरसिंहपुर, 10 जनवरी 2019. 
जिले के गन्ना किसानों को उनकी उपज का सही मूल्य सही समय पर दिलवाने के मकसद से कलेक्टर दीपक सक्सेना ने 8 सुगर मिलों के प्रबंधकों को आदेशित किया है कि वे गन्ना किसानों को गन्ने के मूल्य और उससे संबंधित अन्य धनराशियों का तत्काल भुगतान सुनिश्चित करें। 14 दिवस से अधिक की अवधि में भुगतान की स्थिति में गन्ना किसानों को विलंबित अवधि के लिए 7.5 प्रतिशत प्रतिवर्ष की दर से ब्याज राशि का भुगतान सुनिश्चित करें। यदि विगत वर्षों की कोई बकाया राशि है, तो पत्र जारी करने की तिथि से एक माह की समयावधि में 7.5 प्रतिशत प्रतिवर्ष की दर से भुगतान करें। आदेश का पालन कर प्रतिवेदन आगामी पेशी तिथि पर प्रस्तुत किया जाना सुनिश्चित करने के निर्देश भी कलेक्टर ने दिये हैं।
कलेक्टर न्यायालय द्वारा उक्त आदेश रेवा कृपा सुगर मिल भिटौनी, वंशिका सुगर मिल बिलगुंवा, राजराजेश्वरी सुगर मिल मोहपानी, करेली सुगर मिल करेली, महाकौशल सुगर मिल बचई, नर्मदा सुगर मिल सालीचौका, आकृति सुगर मिल तूमड़ा और शक्ति सुगर मिल कौंड़िया को जारी किये गये हैं।
इस सिलसिले में जारी आदेश में सुगर मिलों से कहा गया है कि यदि आपके द्वारा गन्ना किसानों को गन्ना मूल्य और संबंधित अन्य धनराशियों का समय पर भुगतान नहीं किया जाएगा तो आपसे गन्ने के मूल्य  के हिसाब से अवशेषों की धनराशि तथा ब्याज की वसूली मप्र भू-राजस्व संहिता, 1959 की धारा 147 के तहत विधिक कार्यवाही की जायेगी।
आदेश में सुगर मिलों को अवगत कराया गया है कि मध्यप्रदेश गन्ना प्रदाय एवं क्रय नियमन अधिनियम 1958 की धारा 20 में प्रावधान है कि सुगर मिल द्वारा गन्ने के मूल्य के भुगतान के लिए कलेक्टर के संतोष योग्य उपयुक्त व्यवस्था की जायेगी। गन्ना प्राप्त होने पर गन्ने का मूल्य 14 दिन की समयावधि में गन्ना किसान को भुगतान करना होगा। नियत समय सीमा में भुगतान नहीं किये जाने पर भुगतान की तिथि तक प्रति वर्ष साढ़े 7 प्रतिशत की दर से ब्याज का भुगतान करना होगा।
उल्लेखनीय है कि किसानों को गन्ने की उपज का सही मूल्य सही समय पर प्राप्त नहीं होने की बात विभिन्न माध्यमों से कलेक्टर के संज्ञान में आने पर कलेक्टर न्यायालय द्वारा उक्त सुगर मिलों को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुये निर्धारित बिन्दुओं पर विस्तृत बिन्दुवार जानकारी चाही गयी थी। लेकिन शुगर मिलों द्वारा कलेक्टर न्यायालय में अर्पाप्त जानकारी प्रस्तुत की गयी। इससे कलेक्टर न्यायालय को यह समाधान हो गया कि किसानों को उनकी गन्ना उपज का मूल्य सही समय पर भुगतान नहीं किया जा रहा है। फलस्वरूप गन्ना किसानों को उनकी उपज का मूल्य सही समय पर दिलवाने के लिये कलेक्टर द्वारा उक्त आदेश जारी किये गये हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *