नरसिंहपुर

मछली पालन और सिंघाड़े की खेती बनी लाभ का धंधा

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मछुआ सहकारी समिति के सदस्यों को हर साल हो रही है 10 लाख रूपये की आमदनी –

नरसिंहपुर, 26 फरवरी 2018. किसी भी काम को मेहनत और लगन से किया जाये, तो सफलता जरूर मिलती है। यह साबित किया है नरसिंहपुर जिले की मछुआ सहकारी समिति सांईखेड़ा के 25 सदस्यों ने। समिति के सदस्यों को  मछली पालन और सिंघाड़े की खेती से हर साल करीब 10 लाख रूपये की शुद्ध आमदनी हो रही है।
मछली पालन विभाग की ग्रामीण तालाबों में मत्स्य पालन की योजना के अंतर्गत मछुआ सहकारी समिति सांईखेड़ा के 25 सदस्यों को मछली पालन के लिए सांईखेड़ा में 6.77 हेक्टर जल क्षेत्र का 10 वर्षीय पट्टा वर्ष 2012- 13 में दिया गया था। इन सदस्यों ने मछली पालन विभाग की नाव जल क्रय योजना पर चार- चार हजार रूपये के अनुदान और मत्स्य आहार पर 90 प्रतिशत अनुदान का लाभ लेकर मछली पालन शुरू किया।
समिति के सदस्यों ने मछली पालन विभाग के तकनीकी मार्गदर्शन में मिश्रित कार्प कतला, रोहू, मृगल प्रजाति के मत्स्य बीज का संचयन प्रति हेक्टर 10 से 15 हजार फिं्रग लिंग की दर से पहले वर्ष से ही शुरू किया। इससे प्रति हेक्टर प्रति वर्ष 1.5 से 1.6 टन तक मछली का उत्पादन होने लगा। इससे समिति के सदस्यों को प्रति वर्ष प्रति हेक्टर डेढ़ लाख रूपये तक की आमदनी होने लगी। पट्टे पर दिये गये तालाब से हर साल 8 लाख रूपये का लाभ समिति के सदस्यों को मछली पालन से मिलने लगा। इसके साथ- साथ समिति के सदस्यों ने सिंघाड़ा की खेती भी शुरू कर दी। इससे 50 क्विंटल तक सिंघाड़ा का उत्पादन होने लगा। सिंघाड़ा उत्पादन से प्रति वर्ष 2 लाख रूपये तक की अतिरिक्त आमदनी इस समिति के सदस्यों को अब हो रही है। इस तरह मछली पालन और सिंघाड़े की खेती से धीरे- धीरे आमदनी बढ़ते हुए प्रति वर्ष 10 लाख रूपये तक पहुंच गई।
सहकारी समिति के अध्यक्ष देवराज कहार बताते हैं कि अन्य परम्परागत खेती की तुलना में मछली पालन व सिंघाड़ा उत्पादन में जोखिम कम और आमदनी ज्यादा है। मछली पालन के लिए तालाब पट्टे पर देने की मध्यप्रदेश सरकार की यह बहुत अच्छी योजना है। इस योजना का लाभ लेकर उनकी मछुआ सहकारी समिति सदस्य अच्छे से जीवन- यापन कर रहे हैं और उन्हें अच्छी आमदनी भी हो रही है। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश सरकार द्वारा मछुआ आवास के लिए प्रति सदस्य 50 हजार रूपये की आर्थिक सहायता भी वर्ष 2015- 16 में प्रदाय की गई। समिति के प्रत्येक सदस्य को मछुआ क्रेडिट कार्ड योजना के तहत मत्स्य पालन व्यवसाय के लिए 10 हजार रूपये भी जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक की सांईखेड़ा शाखा द्वारा उपलब्ध कराये जा रहे हैं। आत्मा परियोजना के अंतर्गत उत्कृष्ट कार्य के लिए मछुआ सहकारी समिति सांईखेड़ा को 10 हजार रूपये का पुरस्कार भी प्राप्त हो चुका है।

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